दिल्ली में आम लोगों के बीच कुछ गंभीर समस्या जैसे पीने के साफ पानी, वायु प्रदूषण, यमुना नदी और भी कुछ समस्याएं हैं।इन ही समस्याओं को लेकर पिछली सरकार ने अपने दो कार्यकाल तक दिल्ली की जनता से इन्हीं समस्याओं को ठीक करने के लिए वोट मांगा था, जिसे पूरा करने में वे असमर्थ रही और अब दिल्ली ने भाजपा को मौका दिया है। कल यानी 20 फ़रवरी को ही दिल्ली की मुख्यमंत्री समेत कुछ मंत्रियों ने शपत ग्रहण समारोह में हिस्सा लिया है और अपनी कमर कस ली है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मंत्रियों में विभागों का बंटवारा कर दिया है।
यमुना की जिम्मेदारी प्रवेश वर्मा को सौंपी गई है, तो दिल्ली को प्रदूषण से मुक्ति का जिम्मा मनजिंदर सिंह सिरसा को दिया गया है। वहीं, अरविंद केजरीवाल सरकार के घोटालों की जांच का जिम्मा मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अपने हाथों में रखी है। सीएम रेखा गुप्ता ने अपनी टीम-6 यानि प्रवेश सिंह वर्मा, मनजिंदर सिंह सिरसा, डॉ. पंकज सिंह, आशीष सूद, रविंद्र इंद्रराज और कपिल मिश्रा में विभागों का बंटवारा कर दिया है। दिल्ली में 27 साल बीजेपी की सरकार बनी है, ऐसे में मंत्रियों के बीच विभागों का बंटवारा काफी सोच समझकर किया गया है। सीएम रेखा गुप्ता ने वित्त, महिला एवं बाल कल्याण और सतर्कता एवं प्रशासनिक सुधार जैसे कई विभाग अपने पास रखे हैं। आइए आपको बताते हैं, दिल्ली में किस मंत्री को दिया गया, कौन-सा मंत्रालय।
किस मंत्री को कौन-सा मंत्रालय
मंत्री | किसको कौन सा मंत्रालय |
रेख गुप्ता | वित्त, योजना, सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी), महिला एवं बाल विकास, सेवाएं, राजस्व, भूमि एवं भवन, सूचना एवं जनसंपर्क, विजिलेंस और प्रशासनिक सुधार विभाग |
प्रवेश वर्मा | पीडब्ल्यूडी, जल, कानूनी मामले, सिंचाई और बाढ़ नियंत्रण तथा गुरुद्वारा मामलों का प्रभार |
आशीष सूद | गृह, बिजली, शहरी विकास और शिक्षा विभाग |
कपिल मिश्रा | कानून एवं न्याय, श्रम एवं रोजगार, कला, संस्कृति, भाषा एवं पर्यटन विभाग |
मनजिंदर सिंह सिरसा | उद्योग, वन एवं पर्यावरण तथा खाद्य एवं आपूर्ति विभाग. |
पंकज सिंह | स्वास्थ्य, परिवहन और सूचना प्रौद्योगिकी विभाग |
रवींद्र इंद्राज | सामाजिक कल्याण, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति कल्याण, सहकारिता विभाग. |
केजरीवाल सरकार के घोटालों की जांच करेंगी खुद CM रेखा गुप्ता
बीजेपी ने दिल्ली में केजरीवाल सरकार को सत्ता से बाहर करने के लिए घोटालों का मुद्दा खूब उछाला। कथित शराब घोटाले में अरविंद केजरीवाल समेत कई AAP नेताओं को तिहाड़ जेल में भी जाना पड़ा। अब इन सभी मामलों की जांच का जिम्मा विजिलेंस डिपार्टमेंट के पास है, जो खुद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अपने पास रखा है। सीएम रेखा गुप्ता ने पहले दिन ही साफ कर दिया था कि पिछली सरकार में हुई गडबडि़यों और घोटालों के लिए जिम्मेदार लोगों को बख्शा नहीं जाएगा।